ITI ke baad polytechnic kaise kare?

क्या आपने हाल ही में ITI पूरा किया है और अब पॉलिटेक्निक में एडमिशन के बारे में सोच रहे हैं? अगर हाँ, तो आप ठीक जगह पर हैं।

अगर आप अपनी शिक्षा को और ऊंचाइयों तक ले जाना चाहते हैं और अधिक ज्ञान और कौशल प्राप्त करना चाहते हैं, तो पॉलिटेक्निक आपके लिए एक अच्छा करियर ऑप्शन हो सकता है।

अगर टेक्निकल क्षेत्र में काम करने का शौक है, तो आईटीआई के बाद पॉलिटेक्निक करना आपके लिए बहुत फायदेमंद साबित हो सकता है। यहाँ तक कि आपको आपकी फील्ड की अच्छी जानकारी होने पर कोई भी कंपनी आसानी से नौकरी दिलवा सकती है।

इस ब्लॉग पोस्ट में, हम आपको बताएंगे कि iti ke baad polytechnic kaise kare और आपके पास विभिन्न व्यावसायिक क्षेत्रों में अच्छी नौकरी के कौन से अवसर हो सकते हैं?

आईटीआई  के बाद पॉलिटेक्निक कैसे करें ?

iti ke baad polytechnic kaise kare?

पहले, आपको पॉलिटेक्निक एंट्रेंस एग्जाम में ग्रुप K का फॉर्म भरना होगा। फॉर्म भरने के बाद, आपको ट्रेड थ्योरी और मैथ और साइंस के सिलेबस पर आधारित एक एग्जाम देना होगा, और फिर आपका रिजल्ट आएगा।

उसके बाद, काउंसिलिंग होगी। अगर आपका पहले राउंड की काउंसिलिंग में सिलेक्शन हो जाता है, तो यह आपके लिए बढ़िया होगा। अगर पहले राउंड की काउंसिलिंग में सिलेक्शन नहीं होता, तो आपको आगे के काउंसिलिंग राउंड में भाग लेना होगा, और आपका सिलेक्शन किसी न किसी काउंसिलिंग में हो जाएगा, जिसके बाद आप आईटीआई के बाद पॉलिटेक्निक में एडमिशन ले सकते हैं।

ITI KE BAAD POLYTECHNIC KITNE SAAL KA HOTA HAI

पॉलिटेकनिक एक डिप्लोमा कोर्स है, जिसमें आप किसी भी तकनीकी क्षेत्र की पढाई कर सकते हैं। यह कोर्स नोर्मली 3 साल का होता है। ITI करने के बाद पॉलिटेकनिक कितने साल का होता है? इस सवाल का उत्तर है कि अगर आप ITI के बाद पॉलिटेकनिक कर रहे हैं, तो इसमें 2 से 3 साल का समय लगता है। पॉलिटेकनिक कोर्स के लिए कम से कम 10वीं की परीक्षा में पास होना आवश्यक होता है। ध्यान दें, इससे पहले आपको इस कोर्स के लिए पात्र नहीं माना जाता।

पॉलिटेकनिक कॉलेज का चयन कैसे करे?

कॉलेज का चयन छात्रों के विचारों के आधार पर होता है। लेकिन चयन प्रक्रिया का अंत तो काउंसलिंग में भरे गए कॉलेज की सूची पर निर्भर करता है। यदि सही कॉलेज चुना जाता है और आपके विज्ञान और गणित में अच्छे अंक हैं, तो एक अच्छे कॉलेज में प्रवेश पाने के अधिक चांस होते हैं। कुछ छात्र अपनी सुविधानुसार अपने स्थानीय क्षेत्र के कॉलेज का चयन करते हैं, ताकि उन्हें बाहर जाने के अतिरिक्त खर्च से बचा जा सके।

पॉलिटेकनिक कॉलेज में एडमिशन के बाद फिस कितनी होती है

बात यह है कि प्राइवेट और सरकारी कॉलेज में फीस में थोड़ा अंतर होता है। सरकारी कॉलेज में सरकार के नियमों के अनुसार वार्षिक फीस लगभग 8000 से 10000 हजार रुपये होती है। वहीं प्राइवेट कॉलेज में 15000 से 25000 हजार रुपये तक का खर्च करना पड़ सकता है।

ITI के बाद पॉलिटेकनिक के किस कोर्स को चुने?

पॉलिटेक्निक में कौन-कौन से कोर्स होते हैं? आइए बताते हैं, आपने आईटीआई की पढ़ाई कर ली है तो पॉलिटेक्निक के कोर्स का चयन आपके आईटीआई के ट्रेड पर निर्भर करेगा। अगर आपका ट्रेड इलेक्ट्रिशयन है, तो पॉलिटेक्निक के कोर्स भी उसी ट्रेड के संबंध में होता है। Normally: आपने 10वीं कक्षा के बाद पॉलिटेक्निक करने का फैसला किया है तो इस स्थिति में आप किसी भी पॉलिटेक्निक के कोर्स का चयन कर सकते हैं, लेकिन जो ट्रेड आपने आईटीआई से पूरा किया है, उसी ट्रेड के समर्थन कोर्स का चयन करना होगा।

पॉलिटेक्निक में सबसे अच्छा कोर्स कौन सा है?

पॉलिटेक्निक में कोर्स का चयन करते समय यह बातें ज़रूर देखनी चाहिए:

  • आपकी अधिक कुशलता किस कार्य में है।
  • जॉब के लिए कौन सा क्षेत्र बेहतर हो सकता है।
  • आप लम्बे समय तक किस कार्य को कर सकते हैं।
  • आपका टेक्निकल माहौल किस क्षेत्र में मजबूत है।

पॉलिटेक्निक के 12 प्रमुख कोर्स 

  • व्यवसाय प्रशासन में डिप्लोमा
  • लाइब्रेरी और सूचना विज्ञान में डिप्लोमा
  • मेडिकल लैब में डिप्लोमा
  • एपैरल डिज़ाइन में डिप्लोमा
  • फैशन डिज़ाइनिंग में डिप्लोमा
  • ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा
  • मैकेनिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा
  • बायोमेडिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा
  • सिविल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा
  • इंस्ट्रुमेंटेशन टेक्नोलॉजी में डिप्लोमा
  • प्रिंटिंग टेक्नोलॉजी में डिप्लोमा
  • बायोटेक्नोलॉजी में डिप्लोमा

ITI और POLYTECHNIC में क्या अंतर है?

ITI एक सर्टिफिकेट कोर्स है, जिसकी अवधि 1 से 2 साल होती है, और इसे 10 वीं या 12 वीं के बाद किसी भी ट्रेड से किया जा सकता है। इस कोर्स में जॉब भी कम पैकेज वाला मिल सकता है, जिसकी शुरुआती सैलरी आमतौर पर 10000 रुपये प्रति महीने से होती है। इसमें दो प्रकार के टर्म्स होते हैं – टेक्निकल और नॉन टेक्निकल। टेक्निकल कोर्स के बाद पॉलिटेकनिक कोर्स को आसानी से किया जा सकता है, लेकिन नॉन टेक्निकल कोर्स के बाद पॉलिटेकनिक कोर्स का चयन कठिन हो सकता है, क्योंकि अधिकांश पॉलिटेकनिक कोर्स टेक्निकल होते हैं।

दूसरी ओर, पॉलिटेकनिक कोर्स एक प्रकार का डिप्लोमा कोर्स है, जिसकी अवधि 3 साल की होती है, और इसमें लगभग सभी इंजीनियरिंग के कोर्स शामिल होते हैं। पॉलिटेकनिक के बाद नौकरी की सैलरी आमतौर पर 15000 रुपये से शुरू होती है, और समय के साथ काम का अनुभव बढ़ने पर इस सैलरी में वृद्धि होती है।

FAQs

1.क्या पॉलिटेक्निक के बाद नौकरी मिल सकती है?

हाँ, पॉलिटेक्निक की पढ़ाई के बाद कैम्पस इंटरव्यू द्वारा नौकरी मिल सकती है।

2.पॉलिटेक्निक में सबसे अच्छा कोर्स क्या होता है?

पॉलिटेक्निक में सबसे अच्छा कोर्स  सिविल इंजिनियरिंग और मैकेनिकल इंजिनियरिंग है।

3.क्या 12वीं के बाद पॉलिटेक्निक उपयोगी है?

हाँ, 10वीं और 12वीं के बाद पॉलिटेक्निक कोर्स उपयोगी हो सकता है।

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